चलो ना, फिर से प्यार करते हैं,

चलो ना, फिर से प्यार करते हैं,
इक- दूजे से मीठा सा इज़हार करते हैं,
खातों में चलो ना लिखें कविता और शायरी,
भर जाए हिंदी – उर्दू की खाई, बेशुमार करते हैं,
कब की भूल चुकी यह दुनिया प्रेम के ढाई आखर,
चलो ना, फिर से इश्क को खुदा क़रार करते हैं। 

Author: Ratna Bhattacharya
Instagram: @bhattacharya_ratna

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